बिलासपुर में कांग्रेस ने किया कलेक्ट्रेट का घेराव, प्रदर्शनकारियों पर चला वाटर कैनन, पुलिस से हुई धक्का-मुक्की

बिलासपुर में कांग्रेस के कलेक्ट्रेट घेराव के दौरान नेहरू चौक पर जमकर हंगामा हुआ। पुलिस ने बैरिकेडिंग कर प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की, लेकिन कांग्रेस कार्यकर्ता आगे बढ़ने पर अड़े रहे। इस दौरान बैरिकेड्स पर चढ़ने और पुलिस के साथ धक्का-मुक्की की स्थिति बनी, जिसके बाद पुलिस ने वाटर कैनन चलाकर भीड़ को नियंत्रित किया। कांग्रेस ने भाजपा सरकार पर जनप्रतिनिधियों की अनदेखी, विकास कार्यों में भेदभाव और कथित अवैध उत्खनन को लेकर सवाल उठाए।
मंगलवार को जिला कांग्रेस कमेटी शहर और ग्रामीण के नेतृत्व में कांग्रेसियों ने कांग्रेस भवन से कलेक्ट्रेट तक विरोध मार्च निकाला। प्रदर्शनकारियों का कहना था कि स्थानीय विधायक के दबाव में पंचायत और नगर निगम के निर्वाचित जनप्रतिनिधियों को परेशान किया जा रहा है। कांग्रेस ने क्षेत्र में विकास कार्यों के साथ कथित अवैध उत्खनन का मुद्दा भी उठाया।
नेहरू चौक पर पुलिस ने टीन की दीवार और बैरिकेड्स लगाकर कांग्रेसियों को रोक दिया। इसके बाद प्रदर्शन ने उग्र रूप ले लिया। कुछ कार्यकर्ताओं ने सुरक्षा घेरा पार करने की कोशिश की, जबकि नेताओं के बैरिकेड्स पर चढ़ने से पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्का-मुक्की हुई। हालात संभालने के लिए पुलिस ने वाटर कैनन का इस्तेमाल किया, लेकिन कांग्रेस कार्यकर्ताओं की नारेबाजी जारी रही।
कांग्रेस नेताओं ने प्रदर्शन के दौरान भाजपा सरकार पर तानाशाही का आरोप लगाया और कहा कि जनता की समस्याएं उठाने वाले जनप्रतिनिधियों की आवाज दबाने की कोशिश की जा रही है। नेताओं ने रोजगार, स्थानीय विकास और आम लोगों से जुड़े मुद्दों पर सरकार को घेरा। कांग्रेस ने स्थानीय विधायक और प्रशासन से अपने आरोपों पर जवाब मांगा है। वहीं, प्रदर्शन के दौरान हुए हंगामे और वाटर कैनन के इस्तेमाल के बाद बिलासपुर में राजनीतिक माहौल गरमा गया है। अब कांग्रेस के आरोपों पर भाजपा और प्रशासन की प्रतिक्रिया का इंतजार है।



